• गौरव खरे •

निवाड़ी।

कार्यक्रम का शुभारंभ माँ भारती के चित्र पर माल्यार्पण कर किया गया। अतिथियों का पुष्पमाला से स्वागत करने के पश्चात सभी प्रतिभागियों ने अपना परिचय दिया।

नवांकुर संस्था प्रमुख अरुण ववेले ने प्रशिक्षण की रूपरेखा पर प्रकाश डालते हुए कहा कि प्रस्फुटन समितियां शासन और समाज के बीच मजबूत कड़ी हैं। उन्होंने कहा कि समितियों को केवल कागजों तक सीमित न रखकर जमीनी स्तर पर सक्रिय बनाना होगा। जन अभियान परिषद के सात सूत्रों - शिक्षा, स्वास्थ्य, जल, स्वच्छता, पर्यावरण, नशामुक्ति और महिला सशक्तिकरण पर समन्वित रूप से कार्य करने की आवश्यकता है।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विकासखंड समन्वयक उमाशंकर उपाध्याय (निवाड़ी एवं पृथ्वीपुर) ने समितियों के व्यवस्थित संचालन पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक समिति माह में दो बैठक अनिवार्य रूप से करे तथा बैठक की कार्यवाही रजिस्टर में दर्ज करे। शासन की मंशा अनुरूप प्रत्येक गतिविधि की जानकारी एवं फोटो जन अभियान परिषद के पोर्टल पर समय पर अपलोड की जाए। उन्होंने शासकीय योजनाओं में जनभागीदारी सुनिश्चित करने तथा पात्र हितग्राहियों को योजनाओं से जोड़ने पर भी प्रशिक्षण दिया।

सामाजिक कार्यकर्ता एवं गैलवारा समर्पण संस्था प्रमुख अखिलेश जैन ने "आओ बनाएं अपना मध्य प्रदेश" विषय पर प्रशिक्षित करते हुए जल संरक्षण, जल गंगा संवर्धन एवं 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान को गांव-गांव तक ले जाने का आह्वान किया।

परामर्शदाता हेमंत नामदेव ने परिषद द्वारा संचालित पाठ्यक्रमों की जानकारी देते हुए कहा कि यह पाठ्यक्रम केवल रोजगारपरक नहीं बल्कि सुसंस्कृत एवं समाजोपयोगी पीढ़ी के निर्माण का माध्यम है। परामर्शदाता अंकित शर्मा ने पूर्व छात्रों के अनुभव साझा करते हुए बताया कि पाठ्यक्रम के कई छात्र महिला बाल विकास विभाग, विभिन्न एनजीओ एवं जन अभियान परिषद में मेंटर के रूप में सेवाएं दे रहे हैं।

कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। ग्राम विकास प्रस्फुटन समिति भेलसा के सचिव सुनील शर्मा ने सभी अतिथियों एवं समिति सदस्यों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में सेक्टर की समस्त प्रस्फुटन समितियों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।